जनपद बिजनौर मुरादनगर की शान से मंडल ब्यूरो
नगीना। मुख्यमंत्री और राज्यपाल के निर्देश पर होली के रंग में खलल डालने के आरोप में फसे भाजपा के क्षेत्रीय मंत्री अनुप वाल्मीकि समेत सभी 14 हिंदूवादी संगठनों के लोगों को एसीजेएम नगीना ने आरोप सिद्ध नहीं होने पर दोष मुक्त कर दिया। एसीजएम नगीना की अदालत में 2018 से चल रहा था मुकदमा। एसीजेएम के इस फैसले से आरोप मुक्त हुए सभी लोगों में खुशी की लहर है।
मालूम हो कि 2018 में होली दहन से अगले दिन निकलने वाला गीले रंग का जुलूस जैसे ही मोहल्ला चौधराना स्थित देवता मंदिर से रंग का जुलूस निकलना शुरू हुआ थोड़ी दूर स्थित मदरसा से पत्थर आकर गिरे जिसको लेकर हिंदू समाज में आक्रोश फैल गया और पत्थर बाज आरोपियों को गिरफ्तारी की मांग को लेकर जुलूस के आयोजक और हिंदू समाज के लोग वापस अपने-अपने घरों को चले गए थे। जिसको लेकर पुलिस प्रशासन में हड़कंप मच गया था बाद में तेज तर्रार ईमानदार निवर्तमान पुलिस अधीक्षक प्रभाकर चौधरी व निर्वतमान जिलाधिकारी आनन फानन में नगीना पहुंचे और दो चार आयोजको को साथ लेकर रंग का जुलूस निकालना शुरू किया जिसका विरोध हिंदू समाज के लोगों ने किया लेकिन पुलिस प्रशासन अपने जुलूस निकालने के अडियृल रवैय पर अडा रहा और जुलूस धीरे-धीरे निकलता रहा। इसी बीच रंग के जुलूस में बवाल को होता देख भाजपा के क्षेत्रीय मंत्री अनूप बाल्मीकि भी जुलूस की स्थिति का जायजा लेने भाजपा में हिंदूवादी कार्यकर्ताओं के साथ पहुंचे उसे समय जुलूस सुनहरी मस्जिद के पास था जब अनूप बाल्मीकि ने पुलिस अधीक्षक प्रभाकर चौधरी से रंग के जुलूस पर पत्थर फेक कर शहर की फिजा बिगाड़ने वालों को गिरफ्तार करने संबंधी वार्तालाप की लेकिन पुलिस प्रशासन जुलूस निकालने और भाजपाई जुलूस को आगे नहीं बढ़ने पर अड़े रहे जिसको लेकर एसपी प्रभाकर चौधरी ने लाठी चार्ज करा दिया और क्षेत्रीय भाजपा क्षेत्रीय मंत्री अनूप वाल्मीकि आरएसएस के बड़े नेता संजय वर्मा के छोटे भाई अनुज वर्मा समाजसेवी गौरव अग्रवाल पेट्रोल पंप वाले को हिरासत में ले लिया ओर केशव दीक्षित लक्ष्मण सैनी रजत कुमार चंद्रशेखर समी पाल प्रेम सिंह समर लखन सिंह नऔौनअजय ऋषि शनि विनोद कुमार को आरोपी बनाते हुए विभिन्न धाराओं में मुकदमा दर्ज कर हिरासत में लिए गए तीनों को जेल भेज दिया जो एसीजेएम नगीना अक्षयदीप यादव की कोर्ट में विचाराधीन चल था। भाजपा क्षेत्रीय मत्री अनूप वाल्मीकि वे अनुज वर्मा ने अलग-अलग प्रार्थना पत्र मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को भेजा जिसमें कहा गया कि 2 मार्च 1918 को होली के रंग का त्यौहार था होली के रंग का जुलूस मुख्य बाजारो से निकल रहा था। जुलूस जब राधेश्याम चौराह से बड़ा तो वहां पर स्थित सुनहरी मस्जिद से दूसरे समुदाय द्वारा जुलूस पर पतराव किया गया जुलूस तीतर भीतर हो गया किंतु पुलिस थाना नगीना प्रभारी द्वारा हिंदू समुदाय के सम्मानित नागरिकों वे होली जुलूस के पदाधिकारी के विरुद्ध झूठ वे फर्जी मुकदमा अपराध संख्या 079 /2018 उपरोक्त लिखा कर झूठा आरोप पत्र माननीय न्यायालय एसीजेएम नगीना के न्यायालय में वाद संख्या 10 15 / 2019 प्रस्तुत किया गया जो विचाराधीन है। होली प्रकरण में पुलिस प्रशासन द्वारा फर्जी तोर से फसाए गए उपरोक्त 14 लोगों को होली प्रकरण के मुकदमे वापस लेने की गुहार लगाई थी।
प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने नगीना के होली प्रकरण को गंभीरता से लेते हुए उन्होंने प्रदेश के राज्यपाल महामहीम आनंदी बेन पटेल ने को भेजा, राज्यपाल ने मुख्यमंत्री के आग्रह पर नगीना के होली प्रकरण की जांच करने और मामला फर्जी पाए जाने पर एसीजेएम नगीना को पत्र लिखा जिसमें मुकदमे में शामिल किए गए सभी को दोस्त दोष मुक्त उनमोचित करें।
अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट अक्षयदीप यादव नगीना ने ने 5 जून 2025 को धारा 321 द, प्र,स, सख्या के अंतर्गत यह प्रावधान है कि किसी मामले में यदि कोई लोग अभियोजन अधिकारी निर्णय सुनाए जाने से पूर्व अभियोजन को वापस लेने हेतु न्यायालय के समक्ष प्रार्थना पत्र देता है तो न्यायालय आदि ऐसे मामले में आप विरचित नहीं किया गए हैं तो अभियुक्त को अपराधों से अनमोर्चित कर सकती है प्रस्तुत मामले में अभियुक्त गणों के विरुद्ध जो आरोप लगाए गए हैं वह प्रार्थना पत्र एवं शासनादेश में वर्णित धाराओं के अंतर्गत की धाराएं हैं जिन्हें उक्त शासनादेश से राज्य द्वारा अभियोग ना चलाए जाने के संबंध में पत्र एवं प्रार्थना पत्र न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया गया है ऐसी स्थिति में प्रस्तुत मामले में अभियुक्त गानों पर लगाए गए आप अंतर्गत धारा 141,149, 353, 332, 341,504,506,भा दं सं में 31 एक क्रिमिनल लॉ एक्ट से उनमोचित किया जाता है। अपर मजिस्ट्रेट का दोष मुक्ति का आदेश आते ही अनुज वर्मा अनूप वाल्मीकि के अध्यक्ष गौरव अग्रवाल लक्ष्मण सैनी रजत चंद्रशेखर समी प्रेम सिंह जुबेर लखन सिंह अजय ऋषि सैनी वे विनोद आदि के सभी के चेहरे खुशी से खिल उठे, भाजपा के क्षेत्र मंत्री अनूप बाल्मीकि गौरव अग्रवाल व अनुज वर्मा ने अपने पक्ष में आए न्यायालय के फैसले को सच्चाई की जीत होना बताया उन्होंने कहा कि गिरफ्तार होली के रंग के जुलूस पर पत्थर फेंकने वाले होने चाहिए थे लेकिन पुलिस ने हिंदू समाज के जिम्मेदार लोगों को फंसा कर जेल भेजा था और सच्चाई सामने आई है जो हमारी बेगुनाह का सबूत है।


